श्रमिकों के सशक्तिकरण की ओर मजबूत कदम बीजापुर श्रमिक सम्मेलन में उमड़ा जनसैलाब 500 से अधिक श्रमिकों ने लिया भाग
बीजापुर, 18 जून 2026/sns/- कलेक्टर श्री विश्वदीप के मार्गदर्शन में श्रम विभाग, बीजापुर द्वारा आज सामुदायिक सांस्कृतिक भवन, बीजापुर में श्रमिकों के सामाजिक एवं आर्थिक सशक्तिकरण तथा शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्रदान करने के उद्देश्य से एक भव्य श्रमिक सम्मेलन का सफल आयोजन किया गया। सम्मेलन में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से लगभग 500 पंजीकृत एवं अपंजीकृत श्रमिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम में नगरपालिका उपाध्यक्ष श्री भुवन सिंह चौहान पार्षद श्री हितेश साहनी, पार्षद श्री संजय गुप्ता वरिष्ठ नागरिक श्री घासीराम नाग सहित गणमान्य नागरिक सहित जिले भर से आए श्रमिक उपस्थित रहे। साथ ही श्रम पदाधिकारी श्री ओम ब्यास नेताम, श्रम निरीक्षक श्री सोपान काणेवार, कल्याण अधिकारी श्री गोपाल पटेल, कल्याण निरीक्षक सुजाता बेल्लमपल्ली तथा विभागीय अधिकारी-कर्मचारी मुकेश बघेल, आशीष बेलमपल्ली, विकास देवांगन, नीरज यादव, रेवती दुर्गम एवं ज्योति कावटी उपस्थित रहे। अतिथियों का श्रम विभाग के अधिकारियों द्वारा पुष्पगुच्छ एवं शॉल भेंट कर आत्मीय स्वागत किया गया।
अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में मुख्य अतिथियों ने कहा कि श्रमिक देश और समाज की प्रगति की आधारशिला हैं। शासन द्वारा श्रमिकों के हित में अनेक जनकल्याणकारी योजनाएँ संचालित की जा रही हैं, जिनका लाभ प्रत्येक पात्र श्रमिक तक पहुँचना आवश्यक है। उन्होंने सभी श्रमिकों से अपील की कि वे श्रम विभाग में अपना पंजीयन अवश्य कराएँ, समय-समय पर उसका नवीनीकरण कराते रहें तथा अपने परिवार एवं आसपास के पात्र श्रमिकों को भी विभागीय योजनाओं से जोड़कर सामाजिक सुरक्षा का लाभ दिलाने में सहयोग करें।
सम्मेलन के दौरान श्रम विभाग के अधिकारियों द्वारा श्रमिकों को विभाग की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। श्रमिकों को पंजीयन एवं नवीनीकरण की प्रक्रिया, श्रमिक पहचान पत्र, मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना, प्रसूति सहायता, मृत्यु एवं दिव्यांग सहायता, अटल उत्कृष्ट शिक्षा सहायता, औजार सहायता सहित अन्य योजनाओं की पात्रता, आवश्यक दस्तावेज एवं आवेदन प्रक्रिया के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की गई। साथ ही श्रमिकों की समस्याओं एवं जिज्ञासाओं का समाधान कर उन्हें योजनाओं का अधिकतम लाभ लेने हेतु मार्गदर्शन दिया गया।
कार्यक्रम के दौरान 150 नए निर्माण श्रमिकों का पंजीयन किया गया, जिससे वे शासन की विभिन्न सामाजिक सुरक्षा एवं कल्याणकारी योजनाओं के लिए पात्र बन सके। इसके अतिरिक्त 280 पंजीकृत श्रमिकों को श्रमिक पहचान (लेबर) कार्ड वितरित किए गए। श्रमिकों को बताया गया कि श्रमिक पहचान पत्र उनके लिए शासन की योजनाओं का लाभ प्राप्त करने का महत्वपूर्ण दस्तावेज है, इसलिए इसका सुरक्षित रख-रखाव एवं समय पर नवीनीकरण आवश्यक है।
सम्मेलन में उपस्थित लगभग 500 हितग्राहियों ने विभागीय योजनाओं के प्रति विशेष रुचि दिखाई तथा भविष्य में अधिक से अधिक पात्र श्रमिकों तक इन योजनाओं की जानकारी पहुँचाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के दौरान श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा, श्रमिक अधिकारों, श्रम कानूनों एवं श्रमिक कल्याण योजनाओं के महत्व के बारे में भी जागरूक किया गया।
श्रम विभाग के अधिकारियों ने कहा कि विभाग का उद्देश्य केवल पंजीयन करना नहीं, बल्कि प्रत्येक पात्र श्रमिक को शासन की योजनाओं से जोड़कर उसके जीवन स्तर में सुधार लाना है। इसके लिए विभाग समय-समय पर श्रमिक सम्मेलन, जागरूकता शिविर, पंजीयन अभियान एवं जनसंपर्क कार्यक्रम आयोजित करता रहेगा, ताकि जिले का कोई भी पात्र श्रमिक योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे।
सभी अतिथियों, जनप्रतिनिधियों, श्रमिकों एवं विभागीय अधिकारियों-कर्मचारियों के सहयोग से कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। अंत में सभी अतिथियों, उपस्थित श्रमिकों एवं सहयोगी अधिकारियों-कर्मचारियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कार्यक्रम का समापन किया गया।
यह सम्मेलन श्रमिकों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करने, सामाजिक सुरक्षा के दायरे का विस्तार करने तथा शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम पात्र हितग्राही तक पहुँचाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण एवं सफल पहल सिद्ध हुआ।