जिले में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन को मिली नई गति 106 बल्क वेस्ट जनरेटर हुए पंजीकृत
बिलासपुर, 22 जून 2026/sns/- स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने की दिशा में बिलासपुर जिले ने एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। जिले में अब तक 106 बल्क वेस्ट जनरेटर (बीडब्ल्यूजी) का पंजीयन केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के केंद्रीकृत ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से सफलतापूर्वक किया जा चुका है। यह पहल ठोस अपशिष्ट के वैज्ञानिक प्रबंधन को बढ़ावा देने तथा स्वच्छ एवं सतत विकास के लक्ष्यों को साकार करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
कलेक्टर श्री संजय अग्रवाल ने जिलेवासियों एवं संस्थानों को इस उपलब्धि के लिए बधाई देते हुए कहा कि स्वच्छता केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। 106 बल्क वेस्ट जनरेटरों का पंजीयन जिले की स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण के प्रति बढ़ती जागरूकता तथा प्रतिबद्धता का प्रतीक है। उन्होंने सभी पात्र संस्थानों से निर्धारित नियमों का पालन करते हुए स्वच्छ, स्वस्थ और पर्यावरण-अनुकूल बिलासपुर के निर्माण में सक्रिय सहभागिता निभाने की अपील की। जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री संदीप कुमार अग्रवाल ने कहा कि ठोस अपशिष्ट का वैज्ञानिक प्रबंधन स्वच्छ और सतत विकास के लिए अत्यंत आवश्यक है। जिले में 106 बल्क वेस्ट जनरेटरों का पंजीयन पर्यावरण संरक्षण एवं स्वच्छता के क्षेत्र में महत्वपूर्ण उपलब्धि है। उन्होंने सभी पात्र संस्थानों से अपने परिसरों में कचरा पृथक्करण एवं प्रसंस्करण की प्रभावी व्यवस्था विकसित करने का आग्रह किया।
जिला प्रशासन द्वारा शासकीय एवं निजी संस्थानों, अस्पतालों, शैक्षणिक परिसरों, वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों, आवासीय परिसरों सहित अन्य पात्र संस्थाओं को बल्क वेस्ट जनरेटर के रूप में पंजीयन कराने तथा ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए लगातार जागरूक एवं प्रेरित किया जा रहा है। नियमों के अनुसार 20 हजार वर्गमीटर या उससे अधिक निर्मित क्षेत्र वाले संस्थान, प्रतिदिन 40 हजार लीटर या उससे अधिक जल उपयोग करने वाले परिसर अथवा प्रतिदिन 100 किलोग्राम या उससे अधिक ठोस अपशिष्ट उत्पन्न करने वाले संस्थान बल्क वेस्ट जनरेटर की श्रेणी में आते हैं। ऐसे संस्थानों के लिए पंजीयन अनिवार्य है। जिला प्रशासन ने शेष पात्र संस्थानों से शीघ्र पंजीयन कराने तथा स्रोत स्तर पर कचरे के पृथक्करण, जैविक अपशिष्ट के प्रसंस्करण और पर्यावरणीय मानकों के पालन की अपील की है।