आंधी-वर्षा से निपटने पहले से आवश्यक तैयारी सुनिश्चित करे अधिकारी – कलेक्टर’
कोरबा, 27 अक्टूबर 2026/sns/-
कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत ने आज समय-सीमा की बैठक लेकर विभागीय योजनाओं और लंबित प्रकरणों की समीक्षा की। उन्होंने पीएमओ, मुख्यमंत्री जनदर्शन, सीएम हेल्पलाइन और सेवा सेतु पोर्टल से प्राप्त आवेदनों का समय-सीमा में निराकरण करने के निर्देश दिए। बैठक में चक्रवात ‘अर्नब’ के प्रभाव से 28 और 29 अक्टूबर को वर्षा एवं तेज आंधी की आशंका को देखते हुए आपदा प्रबंधन की तैयारियों की भी समीक्षा की गई।
कलेक्टर श्री दुदावत ने सभी जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को ग्रामीण क्षेत्रों में आधार से वंचित परिवारों के पंजीयन शिविर लगाने के लिए योजना तैयार करने, सर्वे कराने और गांव-गांव मुनादी कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विशेष रूप से पीवीटीजी परिवारों का कोई भी सदस्य आधार पंजीयन से वंचित न रहे और उन्हें शासन की योजनाओं का लाभ मिले। उन्होंने सहायक आयुक्त आदिवासी विकास विभाग को खनन प्रभावित परिवारों के विद्यार्थियों को नर्सिंग कॉलेज में प्रवेश दिलाने की प्रक्रिया पर काम करने तथा कम से कम दस पीवीटीजी परिवारों के बच्चों को वहां प्रशिक्षण देने के संबंध में आवश्यक तैयारी करने को कहा गया।
कलेक्टर ने प्रधानमंत्री धन-धान्य योजना और एपीसी बैठक में दिए गए निर्देशों के पालन के लिए कृषि, उद्यानिकी और पशुपालन, मत्स्य विभाग को समन्वय से कार्य करने के निर्देश दिए। जनजातीय गौरव दिवस के आयोजन तथा किसान सम्मान निधि से संबंधित कार्यक्रम आयोजित करने और अधिक से अधिक किसानों की उपस्थिति सुनिश्चित करने को भी कहा गया। धान खरीदी की पूर्व तैयारियों की समीक्षा करते हुए उन्होंने संबंधित विभागों को अभी से जरूरी व्यवस्थाएं पूरी करने के निर्देश दिए।
आंधी-वर्षा से निपटने की तैयारी, सीएम हेल्पलाइन और जनसमस्याओं पर त्वरित कार्रवाई करे
चक्रवात ‘अर्नब’ के संभावित प्रभाव को देखते हुए कलेक्टर ने सभी विभागों को अलर्ट मोड में रहने और आपसी समन्वय से काम करने को कहा। राजस्व अधिकारियों को कोटवारों के माध्यम से गांवों में मुनादी कराने तथा निचले और जोखिमयुक्त क्षेत्रों पर निगरानी रखने के निर्देश दिए गए। नदी-नालों का जलस्तर बढ़ने या पुल-पुलियों के ऊपर से पानी बहने पर आवागमन तत्काल रोकने और बैरिकेडिंग कराने को कहा गया, ताकि कोई व्यक्ति बहते पानी के बीच से रास्ता पार न करे। प्रभावित परिवारों के लिए सामुदायिक भवनों में राहत शिविर तैयार रखने तथा वहां पेयजल, भोजन, रोशनी और चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। स्वास्थ्य केंद्रों में आवश्यक दवाइयों और चिकित्सकीय दल की उपलब्धता तथा दूरस्थ क्षेत्रों की प्रसव संभावित गर्भवती महिलाओं को 27 अक्टूबर को स्वास्थ्य केंद्रों में भर्ती कराने की व्यवस्था करने को भी कहा गया। बिजली लाइनों का निरीक्षण और आपूर्ति बाधित होने पर शीघ्र बहाली के लिए टीमें तैयार रहेंगी।
सेवा सेतु पोर्टल के आवेदनों की समीक्षा करते हुए कलेक्टर श्री दुदावत ने सभी प्रकरणों का निर्धारित समय में निराकरण करने को कहा। पोड़ी-उपरोड़ा ब्लॉक के पसान सहित विभिन्न क्षेत्रों के लंबित आवेदनों पर विशेष ध्यान देकर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। सीएम हेल्पलाइन की विभागवार समीक्षा में उन्होंने कहा कि वास्तविक और जायज शिकायतों का निराकरण अनिवार्य रूप से किया जाए। शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए, अत्यंत आवश्यक स्थिति के अलावा, उनका स्पेशल क्लोजर न किया जाए। किसी प्रकरण में संदेह या कठिनाई होने पर वरिष्ठ अधिकारियों से मार्गदर्शन लिया जाए।
साफ-सफाई, नाली, स्ट्रीट लाइट, बिजली के तार टूटने और ट्रांसफॉर्मर से जुड़ी शिकायतों पर तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। जनदर्शन में शासकीय भूमि और छोटे-बड़े झाड़ के जंगल की भूमि पर अतिक्रमण संबंधी शिकायतों का उल्लेख करते हुए कलेक्टर ने नियमानुसार अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई करने को कहा।
खराब चावल वितरण की शिकायत पर जाँच के दिए निर्देश
जिला मेडिकल कॉलेज में सीटी स्कैन और एमआरआई की सुविधा के संबंध में जानकारी लेते हुए कलेक्टर ने गंभीर मरीजों को जांच के लिए बाहर जाना पड़ने की स्थिति पर चिंता जताई। उन्होंने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को इस दिशा में शीघ्र पहल करने के निर्देश दिए। पोड़ी-उपरोड़ा सहित विभिन्न क्षेत्रों में उचित मूल्य दुकानों से राशन कार्डधारियों को वितरित चावल की गुणवत्ता संबंधी शिकायतों पर जिला स्तरीय समिति गठित कर गोदामों की जांच कराने और दोषी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई करने को कहा। अपात्र व्यक्तियों द्वारा राशन कार्ड बनवाकर खाद्यान्न लेने के मामलों की जांच कर संदिग्ध कार्डधारियों को सूचीबद्ध करने के निर्देश भी दिए गए। जांच की जिम्मेदारी नगरीय निकायों और जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को दी गई।
सौर ऊर्जा, पुराने लंबित कार्यों और राज्योत्सव की तैयारियों की समीक्षा
कलेक्टर ने विद्युत विभाग को यूएलए मॉडल के अंतर्गत 10 नवंबर तक एस्टीमेट तैयार करने और प्रधानमंत्री आवास योजना के हितग्राहियों के चयन की प्रक्रिया आगे बढ़ाने को कहा। योजना के लिए लगभग दस हजार हितग्राहियों का लक्ष्य निर्धारित करने तथा प्रत्येक विकासखंड में कम से कम एक गांव को शत-प्रतिशत सौर ऊर्जा से जोड़ने की तैयारी करने के निर्देश दिए गए। पीएम जनमन के गांवों और पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण गांवों को भी इस पहल में शामिल करने को कहा गया।
जिला खनिज न्यास के अंतर्गत कार्ययोजना स्वीकृत होने के बाद भी शुरू नहीं हुए कार्यों की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने संबंधित विभागों को पुराने अप्रारंभ कार्यों की स्थिति स्पष्ट करने के निर्देश दिए। वर्ष 2024 से पहले स्वीकृत अथवा तीन वर्ष से अधिक समय से लंबित ऐसे कार्य, जिन पर काम शुरू नहीं हुआ है, उन्हें निरस्त कर संबंधित राशि वापस करने की प्रक्रिया करने को कहा गया। निर्माण एजेंसियों और अन्य विभागों को कर्मचारियों तथा कार्यों से जुड़े भुगतान लंबित न रखने और दीपावली से पहले भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
दो नवंबर को घंटाघर स्थित डॉ. भीमराव आंबेडकर ओपन ऑडिटोरियम परिसर में आयोजित होने वाले राज्योत्सव समारोह की तैयारियों की समीक्षा में कलेक्टर ने सभी विभागों को योजनाओं पर आधारित स्टॉल लगाने को कहा। उन्होंने स्टॉल आवंटन, सांस्कृतिक कार्यक्रम, मंच और दर्शक दीर्घा, प्रदर्शनी, कलाकारों के ठहरने, बिजली तथा पेयजल की व्यवस्था समय पर सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में नगर निगम आयुक्त श्री आशुतोष पांडेय, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री प्रतीक जैन, अपर कलेक्टर श्री देवेंद्र पटेल एवं श्री ओंकार यादव, कटघोरा एसडीएम श्री विपिन दुबे सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।