जनसंपर्क विभाग की फोटो प्रदर्शनी में वन्देमातरम् एवं राष्ट्र ध्वज तिरंगे के गौरवशाली इतिहास एवं विकास को जानने का मिला अवसर
राजनांदगांव, 19 अगस्त 2026/sns/- जनसंपर्क विभाग द्वारा स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर हर घर तिरंगा, वंदे मातरम् एवं भारत विभाजन की विभीषिका स्मरण दिवस थीम पर नगर पालिक निगम राजनांदगांव के टाऊन हाल में विशेष फोटो प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। फोटो प्रदर्शनी में वंदेमातरम् का उद्घोष करने वाले स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों की गाथा एवं उपलब्धियों को संजोया गया। अध्यक्ष नगर पालिक निगम राजनांदगांव श्री पारस वर्मा ने फोटो प्रदर्शनी का अवलोकन किया। उन्होंने कहा कि वन्देमातरम् पर आधारित यह प्रदर्शनी बहुत अच्छी है। प्रदर्शनी के माध्यम से वन्देमातरम् एवं राष्ट्र ध्वज तिरंगे के गौरवशाली इतिहास एवं इसके विकास को जानने का अवसर मिला। पार्षद श्री अरूण साहू ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर प्रशंसा की। पूर्व पार्षद श्री किशुन यदु ने कहा कि तिरंगे के इतिहास और स्वरूप में हुए बदलावों के बारे में जानने का अवसर मिला। श्री संतोष निर्मलकर ने कहा कि फोटो प्रदर्शनी देखकर अच्छा लगा। प्रदर्शनी के माध्यम से आमजनों को वन्देमातरम् एवं राष्ट्र ध्वज तिरंगे के इतिहास को करीब से जानने का अवसर मिला है। फोटो प्रदर्शनी में जनसंपर्क विभाग की पत्रिका छत्तीसगढ़ जनमन एवं शासन की योजनाओं से संबंधित पाम्पलेट्स एवं किताबों का नि:शुल्क वितरण किया गया। ग्राम गठुला निवासी श्रीमती दुर्गा बाई ने फोटो प्रदर्शनी का अवलोकन किया तथा शासकीय योजनाओं से संबंधित पाम्पलेट्स एवं किताबें नि:शुल्क प्राप्त कीं। उन्होंने कहा कि प्रदर्शनी के माध्यम से वंदे मातरम् एवं राष्ट्रध्वज तिरंगे के बारे में रोचक जानकारी मिली। साथ ही जनकल्याणकारी योजनाओं एवं राज्य के विभिन्न स्थलों की जानकारी भी प्राप्त हुई।
उल्लेखनीय है कि विशेष फोटो प्रदर्शनी में हर घर तिरंगा अभियान के तहत वंदेमातरम् की भावना का आह्वान करते हुए देश के स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के साहस एवं बलिदान का स्मरण करते हुए वंदेमातरम् के गौरवशाली 150 वर्षों की झांकी प्रस्तुत की गई है। प्रदर्शनी में जानकारी देते हुए बताया गया कि कलकत्ता ध्वज जिसे वंदेमातरम् ध्वज के नाम से भी जाना जाता है। स्वतंत्रता संग्राम के दौरान कई रूपों में बनाया गया और संस्करण में वंदेमातरम् अंकित किया गया। देश का भाग्य बदलने वाले वीर गीत वंदेमातरम् की रचना 7 नवम्बर 1875 को अक्षय नवमी को हुई थी। आजादी के लिए स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के संघर्ष एवं देशवासियों में आजादी के लिए अलख जगाने वाले राष्ट्रगीत वंदेमातरम् की अक्षुण्य कथा को फोटो प्रदर्शनी मेें सहेजा गया। फोटो प्रदर्शनी में हर घर तिरंगा अभियान तथा वंदेमातरम् के उत्साह एवं ऊर्जा को चिर स्मरणीय बनाएं रखने के लिए सेल्फी जोन भी बनाया गया, जहां नागरिक अपनी सेल्फी ली। विशेष फोटो प्रदर्शनी का पार्षद श्री शिव वर्मा, नगर निगम आयुक्त श्री जीआर मरकाम सहित अन्य पार्षदों, जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, कर्मचारियों, स्कूली बच्चों, युवाओं एवं नागरिकों ने अवलोकन किया और प्रदर्शनी की प्रशंसा की।