लाइवलीहुड कॉलेज के प्रशिक्षण से साधराम निषाद ने बदली आजीविका की राह
मुंगेली, 01 अक्टूबर 2026/sns/- मुंगेली विकासखंड के ग्राम संगवाकापा निवासी श्री साधराम निषाद ने कौशल प्रशिक्षण को अपनी आजीविका का आधार बनाकर आत्मनिर्भरता की दिशा में कदम बढ़ाया है। पहले वे रोजाना धूप में मेहनत-मजदूरी कर करीब 150 से 200 रुपये तक की आमदनी अर्जित करते थे। इसी दौरान उन्हें जिला परियोजना लाइवलीहुड कॉलेज, जमकोर में संचालित प्रशिक्षण कार्यक्रम की जानकारी मिली। उन्होंने अवसर का लाभ उठाते हुए तीन माह का सिलाई प्रशिक्षण प्राप्त किया। प्रशिक्षण के दौरान साधराम ने सिलाई कार्य की बारीकियों और मशीन संचालन का प्रशिक्षण लिया। प्रशिक्षण पूरा करने के बाद उन्होंने स्वयं सिलाई मशीन चलाकर काम शुरू किया। अब वे अपने हुनर से सिलाई का कार्य कर आय अर्जित कर रहे हैं और अपनी आजीविका को पहले की तुलना में अधिक व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ा रहे हैं।
साधराम ने बताया कि उन्होंने प्रशिक्षण को केवल अपनी आय तक सीमित नहीं रखा। सिलाई में दक्षता हासिल करने के बाद अब वे अन्य लोगों को भी सिलाई का हुनर सिखा रहे हैं, जिससे उनके माध्यम से दूसरे लोग भी कौशल सीखकर रोजगार एवं स्वरोजगार की दिशा में आगे बढ़ सकें। उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण ने उन्हें मेहनत-मजदूरी के साथ-साथ कौशल आधारित आजीविका का नया विकल्प दिया। अब वे अपने सीखे हुए हुनर का उपयोग कर स्वयं काम कर रहे हैं और दूसरों को भी प्रशिक्षण देकर आगे बढ़ने में सहयोग कर रहे हैं।
श्री साधराम निषाद ने बताया कि जिला परियोजना लाइवलीहुड कॉलेज में मिले प्रशिक्षण से उनके भीतर अपने हुनर पर भरोसा बढ़ा। उन्होंने शासन-प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यदि युवाओं और जरूरतमंद लोगों को उनकी रुचि के अनुसार कौशल प्रशिक्षण का अवसर मिले, तो वे स्वयं रोजगार शुरू कर आत्मनिर्भर बन सकते हैं। उन्होंने कहा कि सिलाई का प्रशिक्षण उनके लिए केवल एक हुनर सीखने का माध्यम नहीं रहा, बल्कि अपनी आजीविका को मजबूत करने और दूसरों को भी हुनर सिखाने का अवसर बना है।