उद्यानिकी फसलों के लिए फसल बीमा कराने की अंतिम तिथि 31 जुलाई
जांजगीर-चांपा, 23 जुलाई 2026/sns/- छत्तीसगढ़ शासन द्वारा खरीफ मौसम 2026-27 के लिए पुनर्गठित मौसम आधारित फसल बीमा योजना (आरडब्ल्यूबीसीआईएस) की अधिसूचना जारी कर दी गई है। योजना के तहत जिले के उद्यानिकी किसानों को टमाटर, बैंगन, मिर्च, अदरक, केला, पपीता एवं अमरूद जैसी बागवानी फसलों के लिए प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान के विरुद्ध आर्थिक सुरक्षा प्रदान की जाएगी। किसानों के लिए फसल बीमा कराने की अंतिम तिथि 31 जुलाई 2026 निर्धारित की गई है। सहायक संचालक उद्यान श्रीमती रंजना मखीजा ने बताया कि योजना का लाभ लेने के लिए अऋणी किसानों को स्वयं आवेदन करना होगा। किसान अपने नजदीकी सीएससी, अधिकृत बैंक शाखा अथवा मोबाइल एप के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। उन्होंने किसानों से अंतिम तिथि का इंतजार किए बिना समय रहते आवेदन करने की अपील करते हुए कहा कि इससे तकनीकी अथवा दस्तावेज संबंधी समस्याओं से बचा जा सकेगा तथा प्राकृतिक आपदा की स्थिति में आर्थिक सहायता प्राप्त करने में सुविधा होगी। योजना के अंतर्गत किसानों को बीमित राशि का केवल 5 प्रतिशत प्रीमियम ही देना होगा, जबकि शेष प्रीमियम का वहन केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा किया जाएगा। योजना के माध्यम से ओलावृष्टि, अतिवृष्टि, सूखा तथा मौसम आधारित अन्य प्राकृतिक आपदाओं से फसलों को होने वाले नुकसान की भरपाई की जाएगी।
अऋणी किसानों को आवेदन के समय आधार कार्ड, बी-1 अथवा भूमि स्वामित्व संबंधी दस्तावेज, बुआई प्रमाण-पत्र तथा बैंक खाते की प्रति प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा। दस्तावेजों में त्रुटि होने पर बीमा प्रस्ताव निरस्त हो सकता है, इसलिए सभी आवश्यक दस्तावेज सही एवं पूर्ण रूप से जमा करने की सलाह दी गई है। फसल बीमा संबंधी अधिक जानकारी के लिए किसान बीमा प्रतिनिधि श्री अरविंद रात्रे (मो. 9754516915) अथवा विकासखंड नवागढ़ प्रतिनिधि श्री टी आर दिवाकर 9174313480, विकासखंड अकलतरा प्रतिनिधि श्री अंशुमन तिवारी 8770980790, विकासखंड पामगढ़ प्रतिनिधि श्री एच एन दिवाकर 9179522301, विकासखंड बलौदा प्रतिनिधि श्री शिव सिंह पैकरा 7748095526 एवं विकासखंड बम्हनीडीह प्रतिनिधि श्रीमती जयश्री कुर्रे 9303176805 से संपर्क कर सकते हैं।
फसलवार बीमित राशि एवं कृषक देय राशि –
योजना के अंतर्गत टमाटर फसल के लिए बीमित राशि 1 लाख 20 हजार रुपये निर्धारित की गई है, जिस पर कृषक को 6 हजार रुपये (5 प्रतिशत) प्रीमियम देय होगा। इसी प्रकार बैंगन के लिए 77 हजार रुपये तथा देय प्रीमियम 3 हजार 850 रुपये, मिर्च के लिए 68 हजार रुपये एवं प्रीमियम 3 हजार 400 रुपये, अदरक के लिए 1 लाख 50 हजार रुपये तथा प्रीमियम 7 हजार 500 रुपये, केला के लिए 85 हजार रुपये एवं प्रीमियम 4 हजार 250 रुपये, पपीता के लिए 87 हजार रुपये तथा प्रीमियम 4 हजार 350 रुपये तथा अमरूद के लिए बीमित राशि 45 हजार रुपये निर्धारित की गई है, जिस पर कृषक को 2 हजार 250 रुपये प्रीमियम देय होगा।