सेवा की कहानीः गांव तक पहुंची बस तो रोजगार और पढ़ाई की राह हुई आसान

अम्बिकापुर, 29 सितम्बर 2026/sns/-  गांव से काम पर जाना हो, बच्चों को स्कूल-कॉलेज पहुंचना हो या किसी जरूरी काम से बाहर निकलना हो, नियमित परिवहन सुविधा ग्रामीणों की रोजमर्रा की जरूरतों से सीधे जुड़ी होती है। मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना शुरू होने से राजपुर तहसील के ग्राम सिधमा के ग्रामीणों की एक बड़ी जरूरत पूरी हुई है। गांव तक बस की सुविधा पहुंचने से अब कामकाजी लोगों के साथ विद्यार्थियों के लिए भी आवागमन आसान हुआ है।

ग्राम सिधमा के रहने वाले ज्ञानेश्वर बर्तनों में पॉलिश करने का काम करते हैं। काम के कारण उन्हें लगभग रोज ही आना-जाना पड़ता है। वे बताते हैं कि पहले गांव में बस की सुविधा नहीं होने के कारण बस पकड़ने के लिए दुसरे गांव काकना तक जाना पड़ता था। वहां तक पहुंचने के लिए बाइक या दूसरे साधन की व्यवस्था करनी होती थी। इससे समय भी लगता था और रोजमर्रा के सफर में परेशानी भी होती थी।

’अब गांव से ही मिल रही बस, काकना जाने की परेशानी हुई कम’
ज्ञानेश्वर बताते हैं मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना शुरू होने के बाद स्थिति बदल गई है। अब उन्हें सुबह और शाम बस की सुविधा मिल रही है। इससे अपने काम के लिए नियमित आना-जाना आसान हो गया है। ग्रामीण बस सेवा का लाभ गांव के अन्य लोगों के साथ स्कूल और कॉलेज जाने वाले विद्यार्थी भी उठा रहे हैं।

’रोजमर्रा की जरूरतों से जुड़ी ग्रामीण बस योजना’
गांव तक नियमित बस पहुंचने से ग्रामीणों को अपने दैनिक कार्यों के लिए आवागमन का साधन मिला है। ज्ञानेश्वर जैसे लोगों के लिए यह सुविधा विशेष रूप से उपयोगी है, जिनका रोजगार नियमित आवाजाही पर निर्भर है। अब काम के लिए निकलने से पहले बस पकड़ने के लिए दूसरे स्थान तक पहुंचने की चिंता कम हुई है।

ज्ञानेश्वर ने मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना शुरू होने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति धन्यवाद व्यक्त किया। उनका कहना है कि मुख्यमंत्री ग्रामीण बस योजना ने गांव के लोगों के लिए काम, शिक्षा और जरूरी कार्यों के लिए आने-जाने की राह आसान की है।

About The Author