सीएम हेल्पलाइन सुशासन का प्रभावी माध्यम कलेक्टर
मुंगेली, 22 मई 2026/sns/- जिला कलेक्टोरेट स्थित मनियारी सभाकक्ष में सीएम हेल्पलाइन एवं शिकायत प्रबंधन प्रणाली विषय पर एक दिवसीय जिलास्तरीय प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की गई। प्रशिक्षण में सुशासन एवं अभिसरण विभाग के वरिष्ठ अधिकारी श्री अशोक चौबे, श्री पवन तिवारी ने अधिकारियों को सीएम हेल्पलाइन के उपयोग एवं संचालन की विस्तृत जानकारी दी। कार्यशाला का उद्देश्य आमजन से प्राप्त विभागीय शिकायतों के त्वरित, गुणवत्तापूर्ण एवं समय-सीमा के भीतर निराकरण की व्यवस्था सुनिश्चित करना रहा।
प्रशिक्षण के दौरान अधिकारियों को सीएम हेल्पलाइन योजना के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु आवश्यक तकनीकी एवं प्रशासनिक जानकारी प्रदान की गई। प्रशिक्षकों द्वारा शिकायत पंजीयन प्रक्रिया, पोर्टल संचालन, शिकायतों के निराकरण की कार्यवाही, समय-सीमा प्रबंधन तथा अन्य तकनीकी बिंदुओं का व्यवहारिक प्रदर्शन किया गया। साथ ही अधिकारियों की शंकाओं एवं समस्याओं का समाधान भी किया गया। शासन द्वारा शिकायत निराकरण के लिए चार स्तरों (एल-1 से एल-4) पर अधिकारियों का नामांकन पूर्व में ही किया जा चुका है। इनमें एल-1 एवं एल-2 स्तर के अधिकारी सामान्यतः विकासखण्ड एवं जिला स्तर से संबंधित हैं। प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य मैदानी स्तर पर व्यवस्था को सुचारू, जवाबदेह एवं पारदर्शी बनाना है। इस हेल्पलाइन एवं शिकायत प्रबंधन प्रणाली का नोडल विभाग सुशासन एवं अभिसरण विभाग, छत्तीसगढ़ शासन होगा।
प्रशिक्षकों ने बताया कि इस हेल्पलाइन में सूचना का अधिकार, मांग संबंधी, न्यायालय में विचाराधीन, विभागीय स्थापना संबंधी प्रकरण (पेंशन, ग्रेच्युटी एवं अनुकम्पा नियुक्ति मामलों को छोड़कर) तथा केंद्र सरकार से संबंधित प्रकरण मान्य नहीं होंगे। प्रशिक्षण में अधिकारियों को यह भी जानकारी दी गई कि आम नागरिक वेबसाइट, व्हाट्सएप, मोबाइल एप, भौतिक पत्र अथवा सीएम हेल्पलाइन नंबर के माध्यम से अपनी शिकायत दर्ज करा सकेंगे। उन्होंने बताया कि कॉल सेंटर में 24 घंटे एवं सप्ताह के सातों दिन कर्मचारी कार्यरत रहेंगे। शिकायत दर्ज कराने के लिए शिकायतकर्ता को अपना मोबाइल नंबर दर्ज कराना अनिवार्य होगा।
कलेक्टर ने कहा कि मुख्यमंत्री हेल्पलाइन शासन की एक क्रांतिकारी पहल है। सीएम हेल्पलाइन को केवल शिकायत निवारण का माध्यम न मानें, बल्कि इसे जनसेवा और प्रशासनिक जवाबदेही से जोड़कर कार्य करें। उन्होंने सभी विभागों को निर्देशित किया कि सीएम हेल्पलाइन से जुड़े अधिकारियों, कर्मचारियों एवं मैदानी अमले को बेहतर प्रशिक्षण दिया जाए, ताकि शिकायतों के निराकरण में किसी प्रकार की समस्या न आए और हेल्पलाइन का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित हो सके। उन्होंने कहा कि नियमित रूप से संबंधित पोर्टल का अवलोकन करते रहें, ताकि शिकायतों का त्वरित निराकरण सुनिश्चित किया जा सकें।
कलेक्टर ने कहा कि आधुनिक समय में सुशासन का अर्थ नागरिकों को योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ समय पर उपलब्ध कराना है। शासन की मंशानुरूप विकसित भारत एवं विकसित छत्तीसगढ़ की दिशा में कार्य करते हुए प्रत्येक पात्र हितग्राही तक योजनाओं का लाभ पारदर्शिता एवं संवेदनशीलता के साथ पहुंचाना सुनिश्चित करें। कार्यक्रम में एसएसपी श्री भोजराम पटेल, डीएफओ श्री अभिनव कुमार, छत्तीसगढ़ शासन से आए वरिष्ठ अधिकारी श्री अशोक चौबे, अतिरिक्त कलेक्टर श्रीमती निष्ठा पाण्डेय तिवारी, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री प्रभाकर पाण्डेय, अपर कलेक्टर श्री जी.एल.यादव, मुंगेली एसडीएम श्री अजय शतरंज, पथरिया एसडीएम श्रीमती रेखा चंद्रा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।