सरपंच की अनूठी पहल निजी एम्बुलेंस से 100 मरीजों को मिला उपचार
सारंगढ़-बिलाईगढ़, 8 जुलाई 2026/sns/- जिले के ग्राम खैरा बड़े की सरपंच पूर्णिमा महिलाने ने जनसेवा का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत करते हुए अपनी निजी मद से एक एम्बुलेंस उपलब्ध कराई है, जिससे ग्रामीणों को समय पर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल रही हैं।
विगत 23 फरवरी 2025 से सरपंच पद का दायित्व संभालने के बाद पूर्णिमा महिलाने ने ग्रामीणों की जरूरतों को प्राथमिकता देते हुए स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में यह महत्वपूर्ण पहल की। ग्रामीण क्षेत्रों में समय पर वाहन उपलब्ध नहीं होने से मरीजों को अस्पताल पहुंचाने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। इसे देखते हुए उन्होंने अपने निजी संसाधनों से एम्बुलेंस की व्यवस्था की, जो आज क्षेत्र के लोगों के लिए बड़ी राहत का माध्यम बन गई है।
इस एम्बुलेंस के माध्यम से अब तक 100 से अधिक मरीजों को समय पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, जिला अस्पताल तथा आवश्यकता अनुसार उच्च स्वास्थ्य संस्थानों तक पहुंचाकर उपचार उपलब्ध कराया जा चुका है। गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गों, गंभीर रूप से बीमार मरीजों एवं दुर्घटना में घायल लोगों को भी इस सुविधा का लाभ मिला है। समय पर अस्पताल पहुंचने से अनेक मरीजों की जान बचाने और बेहतर उपचार सुनिश्चित करने में सहायता मिली है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की सरकार में जिले के नागरिकों को आसानी से स्वास्थ्य लाभ मिल रहा है। जिले में आमजन तक बेहतर एवं सुलभ स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने के लिए जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग लगातार प्रयासरत हैं। कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू के मार्गदर्शन में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने तथा अंतिम व्यक्ति तक समय पर उपचार पहुंचाने की दिशा में निरंतर कार्य किया जा रहा है। जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार, आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं की उपलब्धता तथा जनजागरूकता के लिए निरंतर कार्य कर रहे हैं। ग्राम पंचायत भीखमपुरा की यह पहल प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के इन प्रयासों को और अधिक प्रभावी बनाने का एक प्रेरणादायी उदाहरण बनकर सामने आई है। ग्रामीणों ने इस सराहनीय पहल के लिए कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू, जिला स्वास्थ्य विभाग एवं ग्राम पंचायत भीखमपुरा का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि एम्बुलेंस उपलब्ध होने से आपातकालीन परिस्थितियों में मरीजों को समय पर अस्पताल पहुंचाना आसान हुआ है। इससे लोगों का समय, आर्थिक व्यय और परेशानी कम हुई है तथा स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति विश्वास भी मजबूत हुआ है। यह पहल दर्शाती है कि जिला प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग और जनप्रतिनिधियों के समन्वित प्रयासों से ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सशक्त एवं जनहितकारी बनाया जा सकता है। ग्राम पंचायत भीखमपुरा की यह पहल अन्य ग्राम पंचायतों के लिए भी प्रेरणास्रोत बन रही है।