कचरे से कमाई की राह: सेवा संकल्प अभियान ने महिलाओं को दिया स्वावलंबन का आधार
मोहला, 23 सितंबर 2026/sns/- अंबागढ़ चौकी विकासखंड की ग्राम पंचायत कौडूटोला में प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट स्वच्छता, महिला सशक्तिकरण और ग्रामीण आजीविका के क्षेत्र में सुशासन की प्रभावी पहल बनकर उभरी है। सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं और कार्यक्रमों का लाभ ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंचाने तथा स्थानीय स्तर पर रोजगार और स्वावलंबन के अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य को यह पहल सार्थक रूप दे रही है। स्वच्छ भारत मिशन, ग्रामीण और राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के समन्वित प्रयासों से स्थापित इस यूनिट का संचालन मां दंतेश्वरी स्व-सहायता समूह की महिलाओं द्वारा किया जा रहा है। यहां प्लास्टिक कचरे का व्यवस्थित एवं वैज्ञानिक तरीके से प्रबंधन करने के साथ ग्रामीण महिलाओं को स्थानीय स्तर पर रोजगार और आय का स्थायी माध्यम मिला है। यूनिट से जुड़ी स्वच्छताग्राही दीदियों और स्व-सहायता समूह की महिलाओं द्वारा घर-घर से प्लास्टिक कचरे का संग्रहण किया जाता है। इसके बाद कचरे को अलग-अलग श्रेणियों में पृथक कर उपयोगी प्लास्टिक को प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट तक पहुंचाया जाता है। यूनिट में हार्ड प्लास्टिक, नर्म प्लास्टिक, मिक्स प्लास्टिक, प्लास्टिक रैपर और प्लास्टिक बोतलों को अलग-अलग कर उनका प्रसंस्करण किया जाता है। इसके लिए यूनिट में बेलिंग मशीन, कटर मशीन, श्रेडर मशीन और इग्लू मशीन जैसी सुविधाएं उपलब्ध हैं। मशीनों के माध्यम से प्लास्टिक की कटिंग और प्रसंस्करण के बाद प्लास्टिक दानों (ग्रेन्यूल्स) का निर्माण किया जाता है, जिन्हें आगे उपयोग के लिए महाराष्ट्र स्थित प्लास्टिक फैक्ट्री भेजा जाता है।
- 13 महिलाओं को मिला रोजगार, 35 टन प्लास्टिक का प्रसंस्करण
कौडूटोला की इस यूनिट में वर्तमान में 13 महिलाएं, 1 मैनेजर और 2 ऑपरेटर कार्यरत हैं। अब तक लगभग 35 टन प्लास्टिक का कटिंग एवं प्रसंस्करण किया जा चुका है। इस गतिविधि से स्व-सहायता समूह को अब तक लगभग 9.80 लाख रुपए का लाभ प्राप्त हुआ है।
यह उपलब्धि ग्रामीण महिलाओं के लिए केवल रोजगार का अवसर नहीं, बल्कि आर्थिक आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। प्लास्टिक कचरे के संग्रहण से लेकर उसके पृथक्करण, प्रसंस्करण और विक्रय तक की पूरी प्रक्रिया में महिलाओं की सक्रिय भागीदारी ने उन्हें अपने गांव में ही आय अर्जित करने का अवसर दिया है।
- सेवा से सुशासन और सुशासन से स्वावलंबन
सेवा संकल्प अभियान के माध्यम से शासन का प्रयास है कि जनकल्याणकारी योजनाओं एवं कार्यक्रमों का प्रभाव गांवों तक पहुंचे और पात्र एवं जरूरतमंद लोगों को उनके माध्यम से रोजगार, आजीविका तथा विकास के अवसर मिलें। कौडूटोला की प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट इसी सोच का जमीनी उदाहरण प्रस्तुत करती है। एक ओर जहां प्लास्टिक कचरे के उचित प्रबंधन से गांव में स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिल रहा है, वहीं दूसरी ओर महिलाओं को स्थानीय स्तर पर रोजगार देकर आर्थिक सशक्तिकरण और स्वावलंबन का आधार तैयार किया गया है। यह पहल दर्शाती है कि जब शासन की योजनाओं और समुदाय की भागीदारी का प्रभावी समन्वय होता है, तो जनकल्याणकारी प्रयासों का लाभ सीधे ग्रामीण परिवारों तक पहुंचता है। कौडूटोला में कचरा अब समस्या मात्र नहीं रहा, बल्कि महिलाओं के लिए आजीविका और आय का साधन बन गया है।