सुकमा में ‘पीएम सूर्यघर मुफ़्त बिजली योजना’ बनी वरदान
सुकमा, 08 सितम्बर 2026/sns/- बस्तर के वनांचल में बदलाव की एक नई सुबह दस्तक दे रही है। नगर पालिका परिषद सुकमा के कुम्हाररास निवासी श्री निखिल सिखदर के घर की छत पर जब से सूरज की किरणें सोलर पैनलों से टकराने लगी हैं, उनके जीवन की एक बड़ी चिंता दूर हो गई है। “प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना“ के तहत उन्होंने अपने घर में 3 किलोवाट का रूफटॉप सोलर सिस्टम स्थापित कराया है। इसका सीधा और सुखद असर यह हुआ कि हर महीने आने वाला 3,000 से 4,000 रुपये का भारी-भरकम बिजली बिल अब घटकर सीधा शून्य हो गया है।
ग्रामीण और अर्ध-शहरी अंचलों में आर्थिक मजबूती देने के लिए केंद्र और राज्य सरकार का साझा प्रयास यहां बेहद कारगर साबित हुआ है। इस सोलर प्लांट को लगाने में केंद्र सरकार से 78,000 रुपये और छत्तीसगढ़ राज्य सरकार से 30,000 रुपये की सीधी सब्सिडी मिली, जिससे कुल 1.08 लाख रुपये की आर्थिक मदद ने इस तकनीक को आम परिवार की पहुंच में ला दिया। आर्थिक बोझ कम होने से सौर ऊर्जा अपनाने की राह बेहद आसान और सुलभ बन गई।
अब हर महीने बिजली बिल के रूप में बचने वाले हजारों रुपये निखिल सिखदर के परिवार की रोजमर्रा की जरूरतों, बच्चों की बेहतर शिक्षा और भविष्य की बचत में काम आ रहे हैं। सुकमा जैसे दूरस्थ वनांचल क्षेत्र में यह बदलाव सिर्फ एक परिवार की कहानी नहीं, बल्कि पूरे गांव और अंचल के लिए ऊर्जा आत्मनिर्भरता की एक सशक्त मिसाल बन चुका है। स्वच्छ ऊर्जा अपनाकर ग्रामीण परिवार न केवल पर्यावरण संरक्षण में योगदान दे रहे हैं, बल्कि आर्थिक रूप से भी सशक्त और आत्मनिर्भर बन रहे हैं।